नई दिल्ली: सेंट्रल बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजुकेशन (CBSE) ने छात्रों के लिए एक बड़ा बदलाव करते हुए अगले साल से कक्षा 9 में विज्ञान और सामाजिक विज्ञान के दो स्तर (स्टैंडर्ड और एडवांस्ड) पेश करने का ऐलान किया है। यह कदम नई शिक्षा नीति (NEP 2020) के अनुरूप है और इसका असर सीधे 2028 की कक्षा 10 की बोर्ड परीक्षाओं में दिखेगा।
क्या है पूरा प्लान?
- 2026-27 से: कक्षा 9 के छात्र विज्ञान और सामाजिक विज्ञान को स्टैंडर्ड (मानक) और एडवांस्ड (उन्नत) लेवल में पढ़ेंगे।
- 2027-28 से: यह सिस्टम कक्षा 10 में भी लागू होगा।
- 2028 बोर्ड परीक्षा: इन विषयों की परीक्षा एक ही पेपर में अतिरिक्त सवाल या अलग-अलग पेपर के साथ हो सकती है।
NEP 2020 का लक्ष्य
CBSE चेयरमैन राहुल सिंह के मुताबिक, “यह बदलाव NEP 2020 की सिफारिशों को ध्यान में रखकर लिया गया है, जहां छात्र कुछ विषयों को मानक स्तर पर और कुछ को उन्नत स्तर पर पढ़ सकते हैं।” उन्होंने यह भी बताया कि 2028 की बोर्ड परीक्षा में दोनों स्तरों के लिए अलग-अलग पेपर या एक ही पेपर में एक्स्ट्रा सेक्शन का विकल्प होगा।
क्यों है यह फैसला अहम?
- छात्रों को अपनी रुचि और क्षमता के हिसाब से विषय चुनने का मौका मिलेगा।
- एडवांस्ड लेवल इंजीनियरिंग, मेडिकल या सामाजिक विज्ञान के गहन अध्ययन में मदद करेगा।
- स्टैंडर्ड लेवल उन छात्रों के लिए राहत भरा होगा जो बेसिक समझ पर फोकस करना चाहते हैं।
क्या कहती है रिपोर्ट?
CBSE के शासी निकाय ने इस प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। अब पाठ्यक्रम समिति जल्द ही नए सिलेबस और एग्जाम पैटर्न को अंतिम रूप देगी। शिक्षकों और अभिभावकों को उम्मीद है कि यह कदम छात्रों पर एक्स्ट्रा प्रेशर नहीं डालेगा, बल्कि उनकी स्किल्स को निखारेगा।
आपकी क्या राय है? क्या CBSE का यह फैसला छात्रों के भविष्य के लिए सही है? कमेंट में बताएं!
Written by CBSERanker Team
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